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जी मिचलाना एवं उल्टी आना , पेट का दर्द की आयुर्वेदिक उपचार...

 जी मिचलाना एवं उल्टी आना - 

  1. आधे नींबू के रस में आधा ग्राम जीरा और आधा ग्राम छोटी इलायची के दाने पीसकर 50 ग्राम पानी मिलाकर दो - दो घण्टे में पिलायें , उल्टी बंद करने के लिये बहुत बढ़िया नुस्खा है । 
  2.  10 ग्राम अदरक के रस में 10 ग्राम प्याज का रस मिलाकर पिलायें ।

 पेट का दर्द -

  1.  वात प्रकोप के कारण पेट फूलने और अधोवायु न निकलने पर पेट का तनाव बढ़ता है , जिससे पीड़ा होती है । अजवाइन और काला नमक पीसकर दोनों समान मात्रा में मिलाकर रख लें । इसे 1 चम्मच मात्रा में गर्म पानी के साथ फाँकने से अधोवायु निकल जाती है , जिससे पेट का तनाव और दर्द मिट जाता है । 
  2.  अमृतधारा की 3-4 बूँद बताशे पर टपका कर खाने से पेट दर्द में आराम हो जाता है । 
  3. अपच के कारण पेट दर्द हो रहा हो , तो 10 ग्राम साबूत राई एक कप पानी के साथ बिना चबाए निगल जाएँ , आराम हो जाएगा । 

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